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निलंबित तहसीलदार संजय राठौर पर लगे 5 लाख रिश्वत लेने के आरोप…

हिंद स्वराष्ट्र सूरजपुर : भैयाथान विकासखंड के विवादित निलंबित तहसीलदार संजय राठौर द्वारा अपने भैयाथान पदस्थापना के दौरान बहुत सारे कारनामे किए गए हैं जिनकी पोल कड़ी दर कड़ी खुलती जा रही हैं। उनके ऐसे ही एक कारनामे की पोल पीड़ित महिला और उनके परिजनों ने खोला हैं। दरअसल यह पूरा मामला भैयाथान विकासखंड का हैं, जहां एक व्यक्ति की 2 एकड़ जमीन उसके भाई के द्वारा फर्जी तरीके से अपने नाम करवा ली गई हैं। इस मामले में पीड़िता का आरोप हैं कि तहसीलदार द्वारा 5 लाख रुपए की रिश्वत लेकर उसके पिता की जमीन उसके चाचा के नाम पर की गई हैं। तहसीलदार पर कई संगीन आरोप लगाते हुए पीड़िता ने बताया कि तहसीलदार द्वारा उनसे रिश्वत की मांग की गई थी और कहां गया था कि पीड़िता के चाचा द्वारा उन्हें 5 लाख रुपए दिए गए हैं, इसके बाद उसके पिता की जमीन को उसके चाचा के नाम पर किया गया है, अगर वह इससे ज्यादा पैसे देगी तो उसकी जमीन उसे वापस कर दी जाएगी। इस जमीन के फर्जीवाड़े के लिए तहसीलदार द्वारा उसके पिता के जाली हस्ताक्षर का इस्तेमाल किया गया, साथ ही नामांतरण का कार्य भी नियम विरुद्ध जाकर बैक डेट पर किया गया है। पीड़िता का आरोप है कि तहसीलदार और उसके चाचा और उनके कुछ सहयोगियों के कारण उसके पिता की मृत्यु हुई क्योंकि उनके पिता अपने साथ हुए इस धोखाधड़ी को वे झेल नहीं पाए और उनकी तबीयत अचानक से बिगड़ गई और उनकी मौत हो गई।

पीड़िता ने बताया कि उन्होंने न्याय के लिए कलेक्टर, कमिश्नर यहां तक की मुख्यमंत्री तक को आवेदन दिया है लेकिन उसे अब तक न्याय नहीं मिल पाया है। पीड़िता और उसके पूरे परिवार का कहना है कि अगर शासन प्रशासन द्वारा उनको न्याय नहीं दिलाया जाता है और उनकी जमीन उन्हें वापस नहीं दिलाई जाती है तो वे सभी सामूहिक रूप से आत्महत्या कर लेंगे।

भैयाथान की एसडीएम बनी चांदनी कंवर…

हिंद स्वराष्ट्र सूरजपुर : भैयाथान के अनुविभागीय अधिकारी सागर सिंह के संयुक्त कलेक्टर कबीरधाम के पद पर पदस्थ किए जाने के कारण आज उन्होंने भैयाथान के एसडीएम पद का प्रभार चांदनी कंवर डिप्टी कलेक्टर सूरजपुर को शौप दिया है। अब सागर सिंह के स्थान पर चांदनी कंवर भैयाथान विकासखंड की नई एसडीएम होगी।

देखें आदेश :

पुलिस के लिए जनता के मन में सम्मान और अपराधियों में भय होना चाहिए-उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा

हिंद स्वराष्ट्र अम्बिकापुर : उपमुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने आज सरगुजा कोर्डिनेशन सेंटर में सरगुजा रेंज अंतर्गत सभी पुलिस अधीक्षकों की उच्चस्तरीय बैठक ली। बैठक में उन्होंने कानून-व्यवस्था की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की और पुलिस तंत्र को अधिक प्रभावी, संवेदनशील और जवाबदेह बनाने के सख्त निर्देश दिए। बैठक में शर्मा ने स्पष्ट कहा कि कानून का राज स्थापित करना और अपराधियों के मन में भय पैदा करना पुलिस की सर्वोच्च जिम्मेदारी है। गंभीर अपराधों के मामलों में दोष सिद्धि की दर बढ़ाने पर विशेष जोर देते हुए उन्होंने सभी जिलों में मामलों की नियमित और वैज्ञानिक मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक पुलिस अधीक्षक न केवल अपने कार्यालय में आने वाले लोगों से समय पर मिलें, बल्कि अधीनस्थ पुलिसकर्मियों से भी संवाद कर उनकी समस्याओं और जरूरतों को समझें। उन्होंने पुलिस अधीक्षकों से कहा कि जिले के कॉलेज और स्कूलों का महीने में एक बार भ्रमण अवश्य करें और थानों में अनुशासन के लिए एसपी-एसएसपी और डीएसपी प्रत्येक सप्ताह परेड भी कराए। बैठक में अपर मुख्य सचिव गृह श्री मनोज पिंगुवा, आईजी पीएचक्यू अजय यादव, आईजी सरगुजा दीपक झा सहित वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के अलावा सरगुजा रेंज के बलरामपुर-रामानुजगंज, जशपुर, कोरिया, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, सूरजपुर, और सरगुजा जिले के पुलिस अधीक्षक उपस्थित रहे।
उपमुख्यमंत्री शर्मा ने बैठक में मानव तस्करी, महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराध, अवैध हथियारों और मादक पदार्थों की तस्करी जैसे गंभीर अपराधों पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई पर जोर दिया गया। एनडीपीएस एक्ट के मामलों में एंड-टू-एंड इन्वेस्टिगेशन सुनिश्चित करने और दोषियों को कठोर सजा दिलाने की बात कही गई। अवैध शराब के निर्माण, बिक्री और परिवहन को रोकने के लिए विशेष अभियान चलाने, चिटफंड कंपनियों के मामलों की गंभीरता से जांच करने और निवेशकों को धनवापसी की कार्यवाही तेज करने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए ब्लैक स्पॉट की पहचान कर सुधारात्मक कदम उठाने, यातायात प्रबंधन को मजबूत बनाने और ट्रैफिक पुलिस की सक्रियता बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यातायात व्यवस्था में सुधार केवल पुलिस का नहीं बल्कि प्रशासन और समाज का साझा दायित्व है। उन्होंने सभी स्कूलों और कॉलेजों में ड्रग-फ्री कैंपस अभियान चलाने, छात्रों में नशामुक्ति के प्रति जागरूकता फैलाने और सामुदायिक पुलिसिंग के जरिए जनता और पुलिस के बीच भरोसे का रिश्ता मजबूत करने की आवश्यकता बताई।
उपमुख्यमंत्री शर्मा ने साइबर क्राइम की रोकथाम के लिए विशेष प्रशिक्षण, बीट प्रणाली की नियमित समीक्षा और ‘लेखकन ऐप’ के प्रचार-प्रसार पर भी जोर दिया गया। उन्होंने निर्देश दिया कि ग्राम सभाओं और जनसंवाद कार्यक्रमों के माध्यम से जनता को पुलिस से जोड़ा जाए, ताकि लोग पुलिस को अपना मित्र और संरक्षक मानें।
बैठक के अंत में उपमुख्यमंत्री शर्मा ने दो टूक कहा कि पुलिस की कार्यवाही ऐसी होनी चाहिए कि अपराधी कानून से डरें और आम जनता को भरोसा हो कि कानून-व्यवस्था उनकी सुरक्षा के लिए है। उन्होंने कहा जनता के मन में सम्मान और अपराधियों के मन में भय होना चाहिए, यही हमारी पुलिस व्यवस्था की असली सफलता है।

22 अगस्त तक शासकीय उचित मूल्य दुकान संचालन के लिए आवेदन आमंत्रित…

हिंद स्वराष्ट्र सूरजपुर : समस्त आमजन, सहकारी समितियों, वृहदाकार आदिम जाति बहुउद्देशीय सहकारी समिति (लेम्पस), प्राथमिक कृषि साख समिति, वन सुरक्षा समिति, महिला स्वयं सहायता समूह, ग्राम पंचायत अन्य उपभोक्ता सहकारी समिति तथा स्थानीय नगरीय निकाय को सूचित किया जाता है कि, शा.उ.मूल्य दुकान ग्राम पंचायत तेजपुर एवं चंदरपुर विकासखंड रामानुजनगर का नवीन आबंटन किया जाना है। अतः शा.उ. मूल्य दुकान संचालन करने के इच्छुक संस्था अपना आवेदन 22 अगस्त तक कार्यालयीन समय सायं 5.30 बजे तक खाद्य विभाग कार्यालय में उपस्थित होकर निर्धारित प्रारूप में संस्था के प्रस्ताव सहित अन्य दस्तावेजों के साथ प्रस्तुत कर सकते है। नियत तिथि के पश्चात् प्राप्त आवेदनों पर कोई विचार नहीं किया जायेगा।

मनेंद्रगढ़ में अवैध शराब बिक्री पर नहीं लग रहा लगाम, आबकारी विभाग पर उठे सवाल…

हिंद स्वराष्ट्र एमसीबी किशन देव शाह : मनेंद्रगढ़ में अवैध शराब की बिक्री लगातार बढ़ती जा रही है और आबकारी विभाग इस पर अंकुश लगाने में नाकाम नजर आ रहा है। स्थानीय सूत्रों के अनुसार बाईपास से कठौतिया तिराहे तक खुलेआम मध्य प्रदेश की अवैध शराब की सप्लाई हो रही है। गली-मोहल्लों से लेकर होटलों और ढाबों तक यह कारोबार बेखौफ जारी है।
शहरवासियों का आरोप है कि आबकारी विभाग के अधिकारी शायद किसी के संरक्षण में काम कर रहे हैं, क्योंकि वे कभी भी खुली कार्रवाई करते नहीं दिखते। कई बार तो अधिकारी छुपकर औपचारिक जांच कर निकल जाते हैं, जिससे शराब माफिया को पहले से सूचना मिल जाती है और वे बच निकलते हैं
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि विभाग ईमानदारी से अभियान चलाए तो इस अवैध कारोबार पर रोक लगाई जा सकती है। फिलहाल विभाग की लचर कार्यप्रणाली से शराब माफिया के हौसले बुलंद हैं और कानून व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं।

शराब के नशे में चड्ढा पहनकर स्कूल पहुंचा हेडमास्टर, कहा डॉक्टर ने रोज पीने बोला हैं शराब…

हिंद स्वराष्ट्र बलरामपुर : जिले के वाड्रफनगर विकासखंड के आदिम जाति कल्याण प्राथमिक शाला रूपपुर के हेड मास्टर मनमोहन सिंह शराब के नशे में चड्ढा पहन कर स्कूल पहुंच गए। शराब के नशे में प्रधान पाठक द्वारा टेबल पर रखी किताबों पर पैर रखकर बैठा गया। इसी बीच उन्होंने शराब के नशे में बच्चों को लड़खड़ाती आवाज में पढ़ाया भी जिसका वीडियो अब  सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है इस घटना के बाद बच्चों के परिजनों ने इसका जमकर विरोध किया है और शराबी हेड मास्टर मनमोहन सिंह पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

आपको बता दे की स्कूल में प्रधान पाठक शराब के नशे में पहुंचे थे और वह बोल बम लिखे हुए चड्डे में ही स्कूल आए थे इस दौरान उन्होंने कई आपत्तिजनक हरकतें की और किताबों पर ही पैर रखकर बैठ गए। इस दौरान शराब के बारे में पूछने पर उन्होंने बताया कि कुछ दिन पहले एक्सीडेंट में उनके पैर पर चोट लग गई थी और डॉक्टर ने उन्हें रोज 100– 200 शराब पीने को कहा है।

मिली जानकारी के अनुसार इस मामले में विकासखंड शिक्षा अधिकारी द्वारा जांच की गई हैं और शराबी शिक्षक पर कार्रवाई के लिए कलेक्टर और जिला शिक्षा अधिकारी से अनुशंसा की है।

पटवारी और पूर्व बीडीसी का खेला निजी जमीन पर बना डाला वन अधिकार पट्टा.. लटोरी में लगातार जारी वन अधिकार पट्टों के निर्माण में मिलीभगत का खेल…

हिंद स्वराष्ट्र सूरजपुर : जिले के लटोरी तहसील में फर्जी तरीके से बन रहे वन अधिकार पट्टे का मामला निकलकर सामने आ रहा हैं, जहां फर्जी तरीके से नियम विरुद्ध जाकर कहीं निजी जमीन पर वन अधिकार पट्टा जारी कर दिया गया है तो कहीं दूसरे जिले और अपात्र लोगों को भी पट्टा जारी कर दिया गया हैं। यह पट्टा कैसे जारी किया गया और इसमें किसकी मिलीभगत है यह तो आने वाले समय में जांच के बाद ही पता चल पाएगा। बहरहाल आज हम एक ऐसे वन अधिकार पट्टे मामले का खुलासा करने जा रहे हैं जहां राजस्व अधिकारियों द्वारा मिलीभगत कर एक व्यक्ति के निजी जमीन पर किसी दूसरे व्यक्ति को वन अधिकार पट्टा जारी कर दिया गया। इस मामले में सवाल यह उठता है कि जब रिकॉर्ड पर यह जमीन किसी और के निजी खाते में दर्ज थी तो किसकी मिलीभगत से इस जमीन पर वन अधिकार पट्टा किसी और को जारी किया गया?

दरअसल मामला लटोरी तहसील के लटोरी ग्राम का है जहां खसरा नंबर 421/2 रकबा 0.04 हे. कृष्ण कुमार तिवारी के नाम पर दर्ज है। जिस जमीन पर हरिलाल को वर्ष 2012-13 में वन अधिकार प्रमाण पत्र जारी किया गया है, जबकि उस वर्ष उक्त भूमि कृष्ण कुमार तिवारी के नाम पर दर्ज थी और यह उनकी निजी स्वामित्व की जमीन है। तात्कालिक पटवारी राजाराम भगत द्वारा बिना सक्षम अधिकारी के अनुमति या आदेश के बिना ही निजी भूमि और गोठान एवं अन्य मद की भूमियों का बड़े झाड़ जंगल में दर्ज करके फर्जी वन अधिकार पट्टे बनवाया गया हैं। आपको बता दे की पटवारी राजाराम भगत और हरिलाल द्वारा आपस में सांठगांठ कर यह वन अधिकार पट्टा बनवाया गया है। आपको बता दें कि हरीलाल पूर्व बीडीसी रह चुके हैं और राजनीतिक पार्टियों के साथ इनके अच्छे संबंध होने के कारण वे इसका फायदा उठा रहे हैं। इस मामले में हरिलाल द्वारा त्रुटि सुधार और नक्शा दुरुस्ती के लिए सूरजपुर कलेक्टर के समक्ष आवेदन प्रस्तुत किया गया और सूरजपुर कलेक्टर द्वारा तहसीलदार लटोरी को मामले की जांच कर जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत करने का आदेश दिया गया लेकिन आज पूरे डेढ़ वर्ष बीत जाने के बावजूद तहसीलदार सुरेंद्र पैंकरा द्वारा मामले की जांच रिपोर्ट कलेक्टर को नहीं सौंपी गई हैं। ऐसे में तहसीलदार की यह कार्य प्रणाली काफी सवाल खड़े करती है और इस क्षेत्र में जारी हुए अन्य वन अधिकार पट्टों की वैधता पर भी सवाल खड़े करती है। आपको बता दे की सूत्र बताते हैं कि इस हल्का नंबर में पदस्थ पटवारी राजाराम भगत द्वारा कई अन्य जिलों के लोगों के भी फर्जी तरीके से वन अधिकार पट्टे जारी करवाए गए है और इनका काम पैसे के लेनदेन कर फर्जी वन अधिकार पट्टा बनवाना ही है। आरटीआई से मिली जानकारी के अनुसार केवल 12 लोगों को वन अधिकार पत्र जारी किया गया है लेकिन भुइयां पोर्टल पर 14 से 15 लोगों के नाम दिखाई देते हैं।

राजस्व की जमीन पर बन गया वन अधिकार पट्टा, पट्टा निरस्त पर दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही कब…??

हिंद स्वराष्ट्र मनेंद्रगढ़ : MCB जिले के केल्हारी विकासखंड में एक ऐसा मामला सामने आया हैं जहां राजस्व की जमीन पर कुछ राजस्व के कर्मचारियों/अधिकारियों के साथ मिली भगत कर एक शासकीय कर्मचारी दंपत्ति ने वन अधिकार पट्टा बना लिया गया। यह वन अधिकार पट्टा दंपत्ति द्वारा महिला के नाम पर बनवाया गया। आश्चर्य की बात यह रही की उक्त जमीन पर ना तो उस महिला का कभी कब्जा था और ना ही आज भी उस जमीन पर उस महिला का कब्जा है, लेकिन बावजूद इसके राजस्व की जमीन पर महिला के नाम पर वन अधिकार पट्टा जारी हो गया। जमीन पर पिछले 40–50 वर्षों से काबिज व्यक्तियों को महिला और उसके पति द्वारा धमका कर खेती से रोका जा रहा हैं और प्रताड़ित किया जा रहा हैं। आपको बता दे की वन अधिकार पट्टा बनने के लिए ग्राम पंचायत से प्रस्ताव पारित करवाना पड़ता है लेकिन बिना प्रस्ताव के ही पटवारी से मिली भगत कर वन अधिकार पट्टा जारी हो गया।

दरअसल मामला एम०सी०बी० जिले के तहसील केल्हारी अंतर्गत ग्राम पंचायत बडकाबहरा का हैं, जिसपर राधा देवी पिता रामचन्द्र द्वारा वन अधिकार पट्टा बनवाया गया जबकि राधा देवी शासकीय कर्मचारी है। उसके द्वारा पटवारी सूरज किस्पोट्टा से मिलीभगत करके कूटरचित कर उक्त भूमि का पट्टा बनवा लिया गया। जिसमें ग्राम पंचायत बड़काबहरा द्वारा आपत्ति दर्ज करते हुए कलेक्टर और अनुविभागीय अधिकारी को आवेदन प्रस्तुत किया गया हैं। आपको बता दें कि उक्त भूमि में ललन सिंह पिता रामसाय पण्ड़ो, जोगेन्द्र रजक पिता स्व जयकरन रजक एवं इन्द्रबती पति स्व संतलाल घसिया तीनों निवासी ग्राम बड़काबहरा तहसील केल्हारी जिला एम०सी०बी० (छ०ग०) के पूर्वजों का कई पीढ़ियों से काबिज होकर अपना जीवनयापन व उक्त भूमि में कृषि कार्य करके भरण पोषण करते आ रहे थे, लेकिन इस जमीन पर फर्जी तरीके से राधा देवी के नाम पर पट्टा जारी किया गया।

इस मामले की शिकायत सरपंच और ग्राम वासियों द्वारा कलेक्टर जनदर्शन में की गई कलेक्टर द्वारा इस मामले में जांच की आदेश दिए गए इसके बाद राजस्व निरीक्षक और पटवारी द्वारा मौका जांच किया गया और मौका जांच में भी आवेदन में लिखी गई बात सही मालूम पड़ी। इस मामले में कार्रवाई करते हुए पट्टा निरस्त कर दिया गया है और जमीन को शासकीय भूमि के तौर पर पुनः शामिल कर दिया गया है लेकिन इस मामले में सवाल यह उठता है कि जब शासकीय जमीन के साथ पटवारी और सरकारी कर्मचारियों द्वारा इस तरह से गड़बड़ की गई और फर्जीवाड़ा करते हुए वन अधिकार पट्टा बनवाया गया है, तो अब तक इस मामले में आरोपियों के विरुद्ध कोई कार्रवाई क्यों नहीं हुई है और उनके विरुद्ध आपराधिक धाराओं के साथ FIR क्यों नहीं दर्ज करवाया गया है।

13 अगस्त को रोजगार प्लेसमेंट कैंप का होगा आयोजन…

हिंद स्वराष्ट्र बलरामपुर : जिले के शिक्षित बेरोजगार युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए 13 अगस्त 2025 को जनपद पंचायत बलरामपुर के सभाकक्ष में प्रातः 11 से प्लेसमेंट कैंप का आयोजन किया जाएगा। 10वीं कक्षा उत्तीर्ण इच्छुक आवेदक-आवेदिका निर्धारित स्थल पर अपनी शैक्षणिक दस्तावेजों की मूल प्रति एक सेट छाया प्रति एवं पासपोर्ट साईज फोटोग्राफ, निवास प्रमाण पत्र, आधार कार्ड एवं अनुभव प्रमाण पत्र (यदि हो तो) सहित उपस्थित होकर अवसर का लाभ ले सकते है।
आयोजित प्लेसमेंट कैंप में महामाया ट्रेक्टर शो रूम बलरामपुर, आकाश एग्रो इण्डस्ट्रीज बलरामपुर, श्रीराम ऑटोमोबाइल (होंडा शो रूम) बलरामपुर, जे.आर. ग्रुप(मैन पावर एवं सिक्योरिटी सर्विस) रामानुजगंज उपस्थित होंगे।
प्लेसमेंट कैंप में सेल्समैन के 30, वेल्डर के 02, मैकेनिक के 01, सुरक्षाकर्मी के 50, सुरक्षा सुपरवाईजर के 15, फील्ड ऑफिसर के 10, टेलीकॉलर के 07, कम्प्यूटर ऑपरेटर के 05 एवं सिक्योरिटी मैनेजर के 03 पदों पर भर्ती की जाएगी। अधिक जानकारी के लिए जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र बलरामपुर में सम्पर्क नंबर 78312-99158, 75877-20774 पर संपर्क कर सकते हैं।

बसदई चौकी पुलिस की कार्यवाही पर उठ रहे सवाल,, एसपी कार्यालय में आवेदन सौंप पीड़ितों ने की न्याय दिलाने की मांग…

हिंद स्वराष्ट्र भैयाथान मुकेश गुप्ता : सूरजपुर जिले के बसदई चौकी पुलिस की कार्यवाही पर सवाल उठ रहे हैं, जहां एक और बीते मंगलवार 5 अगस्त को पुलिस द्वारा जुआ खेलने मामले में नौ आरोपियों की गिरफ्तारी की गई थी वहीं दूसरी ओर इन कथित आरोपियों ने एसपी कार्यालय में बसदई पुलिस चौकी में पदस्थ पुलिस कर्मियों के खिलाफ ही आवेदन सौंपा है और न्याय  दिलाने की मांग की है।

पीड़ितों द्वारा बसदेई पुलिस पर कई संज्ञीन आरोप लगाए है पीड़ितों का कहना हैं कि बसदेई पुलिस द्वारा ग्रामीणों को बेवजह परेशान किया जा रहा है। जिन लोगों को जुआ खेलने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था वे लोग समूह से पैसा लिए हुए हैं, और समूह के किस्त का पैसा जमा करने गए हुए थे जिसे जबरन छीन कर जुआ खेलने का आरोप लगा कर उन्हें पूरे दिन चौकी में बैठाया गया एवं उनके साथ अश्लील गाली–गलौज और मार–पीट किया गया। पुलिस द्वारा पीड़ितों का मोबाइल फोन जप्त कर लिया गया है जो कि आज पर्यंत उन्हें नहीं लौटाया गया हैं। पीड़ित ग्रामीणों का कहना हैं कि गांव गली मे किसी भी कार्य को लेकर अगर वे घर से बाहर निकलते है तो उनको बेवजह परेशान किया जा रहा है एवं गाली गलौज एवं धमकी दी जा रही हैं। पीड़ितों का आरोप हैं कि पुलिस द्वारा उन्हें कहां जा रहा है कि “आज के बाद तुम लोग रोड मे दिखे तो सीधे जेल भेज दूंगा” इस वजह से पब्लिक डरे हुए हैं।

तिरंगा यात्रा केवल एक आयोजन नहीं, राष्ट्रभक्ति, एकता और संगठन की प्रतीक है – रामकिसुन सिंह

हिंद स्वराष्ट्र कोरिया राजन पाण्डेय : देश व्यापी तिरंगा यात्रा को संदर्भ में भाजपा जिला कार्यालय छिंदडांड़ बैकुण्ठपुर में जिला कार्यशाला में हर घर तिरंगा यात्रा को सफल बनाने की रणनीति तय की गई। बैठक में मुख्य रूप मे प्रभारी रामकिसुन सिंह, विधायक भईयालाल राजवाड़े, जिलाध्यक्ष देवेन्द्र तिवारी, संयोजक कृष्णबिहारी जायसवाल, पूर्व जिला उपाध्यक्ष शैलेष शिवहरे, जिला उपाध्यक्ष अशोक जायसवाल, बसंत राय, राजेश सिंह, अनिल साहू, रविशंकर राजवाड़े, चुन्नी पैकरा, जिला महामंत्री पंकज गुप्ता, कपिल जायसवाल, जिला पंचायत अध्यक्ष मोहित पैकरा, जिला पंचायत उपाध्यक्ष वंदना राजवाड़े, जनपद अध्यक्ष आशादेवी सोनपाकर, नपाध्यक्ष अरूण जायसवाल, जिला मंत्री शिव कुमारी सोनपाकर, ईश्वर राजवाड़े, शारदा गुप्ता, जिला कोषाध्यक्ष रामकृष्ण शर्मा उपस्थित रहें।
प्रभारी रामकिसुन सिंह ने संबोधित करते हुए कहा कि, देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी की दृढ़ इच्छा शक्ति एवं निर्णायक नेतृत्व सेना का शौर्य एवं पराक्रम तथा देशवासियों की एकजुटता के संकल्प से ऑपरेशन सिंदूर पूर्णतः सफल रहा। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में नया समृद्धशाली, शक्तिशाली एवं आत्मनिर्भर भारत बना है, सभी को इस पर गर्व है, पूरे देश भर में हर्षोल्लास के हर घर तिरंगा-घर-घर तिरंगा अभियान को देश भक्ति के साथ मनाएगें।
विधायक भईयालाल राजवाड़े ने कहा कि, तिरंगा यात्रा केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि यह देशभक्ति की भावना को जन-जन तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है। देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व भारत आत्मनिर्भर बन रहा है।
जिलाध्यक्ष देवेन्द्र तिवारी ने कहा कि, जिला स्तरीय कार्यशाला में प्रमुख रूप से मंडल योजना बैठक 8 अगस्त को निर्धारित किया गया है एवं जिला स्तर 13 अगस्त को भव्य तिरंगा यात्रा का आयोजन किया जाना सुनिश्चित किया गया है। 13 से 14 अगस्त को अपने घरों व प्रतिष्ठानों पर तिरंगा फहराने की जिम्मेदारी पार्टी कार्यकर्ता निभाएंगे।
संयोजक कृष्णबिहारी जायसवाल ने कहा हर घर तिरंगा-घर घर तिरंगा अभियान को जिला, मंडल व बूथ स्तर तक पहुंचाने का संकल्प लिया गया है। जिला और मंडल स्तर पर तिरंगा यात्रा को सफल बनाने मंडल प्रभारी, सह प्रभारी, संयोजक-सदस्यों की जिम्मेदारी तय कर दी गई है।

कार्यक्रम में प्रमुख रूप से जिला पंचायत सदस्य शिव कुमारी सोनपाकर, गीता राजवाड़े,  जिला मीडिया प्रभारी तीरथ राजवाड़े, महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष धर्मवती राजवाड़े, युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष हितेश सिंह, सह प्रभारी गणेश यादव, वर्षा साहू, सोशल मीडिया प्रभारी जगनारायण साहू, राकेश गुप्ता, भानू पाल, सुरेन्द्र चक्रधारी, सुभाष साहू, लक्ष्मण राजवाड़े, नरेश्वर रजक, जनपद सदस्य रंजीत मंडल, मंडल अध्यक्ष अनिल खटिक, महामंत्री रमन गुप्ता, रवि त्रिपाठी, मंडल अध्यक्ष रामखलन यादव, महामंत्री सचिदानंद द्विवेदी, सत्यम साहू, मंडल अध्यक्ष दीपा विश्वकर्मा, महामंत्री मुन्ना चक्रधारी, सचिन मलिक, मंडल अध्यक्ष संजय चिकनजूरी महामंत्री सुशीला यादव, भरत यादव, मंडल अध्यक्ष किशोर सिरदार, महामंत्री दिनेश साहू, सुरेश सिरदार, मंडल अध्यक्ष मैनेजर राजवाड़े, महामंत्री रिता यादव, मनोज साहू, संगीता गुप्ता, सतेन्द्र राजवाड़े, प्रखर गुप्ता,रमेश तिवारी,सुनील सिंह, ज्योति देवांगन, रेखा वर्मा सहित पार्टी कार्यकर्तागण उपस्थित रहें।

मनेंद्रगढ़ में डेयरी फार्मों में दूध की कालाबाजारी जोरों पर, 50% तक मिलावट की आशंका…

हिंद स्वराष्ट्र एमसीबी किशन देव शाह : रक्षाबंधन जैसे प्रमुख त्यौहार के नजदीक आते ही मनेंद्रगढ़ शहर के कई डेयरी फार्मों में दूध की मांग अचानक बढ़ गई है, लेकिन इसके साथ ही दूध की कालाबाजारी और मिलावट की गंभीर शिकायतें सामने आ रही हैं। विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, कई स्थानों पर 50 प्रतिशत तक पानी मिलाकर दूध बेचा जा रहा है, जिससे आम जनता की सेहत के साथ खुला खिलवाड़ हो रहा है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि त्योहारों के समय दूध की आपूर्ति जानबूझकर घटा दी जाती है, ताकि कीमतें बढ़ाई जा सकें और घटिया क्वालिटी का मिलावटी दूध ऊंचे दामों पर बेचा जा सके। इससे न केवल ग्राहकों को आर्थिक नुकसान हो रहा है, बल्कि स्वास्थ्य संबंधी जोखिम भी बढ़ रहे हैं।
एक ओर जहाँ खाद्य सुरक्षा विभाग के निरीक्षक शहर के होटलों और मिठाई दुकानों में नियमित जांच अभियान चला रहे हैं, वहीं दूसरी ओर डेयरी सेक्टर में चल रही गड़बड़ियों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं दिखाई दे रही है।
स्थानीय लोगों की मांग है कि जिला प्रशासन तत्काल डेयरी फार्मों की जांच कराए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि आने वाले त्योहारों में जनता को शुद्ध और सुरक्षित दूध उपलब्ध हो सके।

गिट्टी ट्रेसर में दिनभर चल रही अवैध गिट्टी सप्लाई, खनिज विभाग बना मूकदर्शक…

हिंद स्वराष्ट्र एमसीबी किशन देव शाह : मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले के अंतर्गत गिट्टी ट्रेसर क्षेत्र में खुलेआम अवैध गिट्टी परिवहन का खेल जारी है। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, रोजाना 14 से 15 ट्रैक्टरों के माध्यम से गिट्टी की अवैध सप्लाई की जा रही है, लेकिन खनिज विभाग पूरी तरह से निष्क्रिय बना हुआ है।
ग्रामीणों का आरोप है कि खनिज विभाग के अधिकारी हाथ पर हाथ रखकर बैठे हैं, जबकि गिट्टी माफिया बेधड़क अवैध उत्खनन और परिवहन में लगे हुए हैं। क्षेत्र में ना तो कोई चेकिंग हो रही है, ना ही किसी प्रकार की रोकथाम की जा रही है, जिससे अवैध कारोबारियों के हौसले बुलंद हैं।
स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है ताकि खनिज संपदा की इस लूट को रोका जा सके और राजस्व नुकसान से बचा जा सके। वहीं, प्रशासन और खनिज विभाग की चुप्पी कई सवाल खड़े कर रही है।
यदि यही हालात रहे, तो आने वाले समय में इस क्षेत्र की प्राकृतिक संपदा और कानून-व्यवस्था दोनों को भारी नुकसान हो सकता है।

मनेंद्रगढ़ बाईपास से कठौतिया तक होटल और ढाबा मैं धड़ल्ले से बिक रही एमपी की अवैध शराब, आबकारी विभाग मौन…

हिंद स्वराष्ट्र एमसीबी किशन देव शाह : मनेंद्रगढ़ शहर के बाईपास से लेकर कठौतिया तक इन दिनों मध्य प्रदेश की अवैध शराब की खुलेआम बिक्री हो रही है। हैरानी की बात यह है कि यह सब आबकारी विभाग की आंखों के सामने हो रहा है, लेकिन विभागीय अमला पूरी तरह से मौन धारण किए बैठा है।
सूत्रों के अनुसार, ग्रीन पार्क, स्थानीय होटल और ढाबों में रात 9 बजे के बाद से ही अवैध शराब की बिक्री ज़ोर पकड़ लेती है। इन स्थलों पर 50 से 60 वाहनों की भीड़ आम बात हो गई है। मौके पर आबकारी विभाग के सिपाही भी लाचारी में कहते हैं,  हमारा नाम मत बताइएगा “उच्च अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे, हम क्या कर सकते हैं?”
शासन को हो रहा आर्थिक नुकसान
छत्तीसगढ़ सरकार जहां सरकारी शराब दुकानों के माध्यम से 20% रियायती दर पर शराब बेच रही है, वहीं मध्यप्रदेश की तस्करी कर लाई गई शराब की बिक्री न सिर्फ नियमों की धज्जियां उड़ा रही है, बल्कि शासन को राजस्व का भी बड़ा नुकसान हो रहा है।
विभागीय लापरवाही या मिलीभगत?
इस पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि आबकारी विभाग के अधिकारी इस धंधे से पूरी तरह वाकिफ होने के बावजूद कार्रवाई क्यों नहीं कर रहे? क्या यह विभागीय लापरवाही है या फिर कहीं न कहीं मिलीभगत का मामला भी हो सकता है?
स्थानीय प्रशासन और शासन से अपील
जनता की ओर से शासन और जिला प्रशासन से यह मांग की जा रही है कि: मध्यप्रदेश की अवैध शराब की बिक्री पर तत्काल रोक लगाई जाए। ग्रीन पार्क, होटल व ढाबों पर विशेष निगरानी रखी जाए।
जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए।
अगर समय रहते इस ओर ध्यान नहीं दिया गया, तो यह न सिर्फ शासन के राजस्व को प्रभावित करेगा, बल्कि नशे के बढ़ते प्रचलन से सामाजिक और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं भी सामने आएंगी।

DFO ने महिला नगर पालिका अध्यक्ष समेत जनप्रतिनिधियों से किया अभद्र व्यवहार, धरने पर बैठ कार्यवाही की हो रही मांग….

हिंद स्वराष्ट्र एमसीबी किशन देव शाह :  आज सुबह मनेंद्रगढ़ डीएफओ ऑफिस में नगर पालिका अध्यक्ष अपने कुछ जनप्रतिनिधियों के साथ ज्ञापन सौंपने पहुंची थी इसी दौरान डीएफओ और नगर पालिका अध्यक्ष के बीच किसी बात को लेकर कहां सुनी हो गई और मामला इतना बढ़ गया कि डीएफओ द्वारा महिला नगर पालिका अध्यक्ष समेत जनप्रतिनिधियों को बाहर निकालने की बात कह दी गई इसके बाद मामले ने काफी तूल पकड़ लिया और नगर पालिका अध्यक्ष अब जनप्रतिनिधियों के साथ डीएफओ कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गई है और डीएफओ को हटाने की मांग को लेकर वहां जमकर नारेबाजी चल रही है।

मिली जानकारी के अनुसार नगर पालिका मनेंद्रगढ़ वार्ड में पिछले कुछ दिनों से लगातार एक भालू के घूमने की खबरों से नागरिकों में भय का माहौल बना हुआ है। स्थानीय जनता की सुरक्षा और शीघ्र वन विभाग की कार्रवाई की मांग को लेकर नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिभा यादव, उपाध्यक्ष धर्मेंद्र पटवा, विधायक प्रतिनिधि सरजू यादव और पार्षदगण आज वन मंडल अधिकारी मनेंद्रगढ़ के कार्यालय पहुँचे थे। जनप्रतिनिधियों का कहना है कि वे DFO अमित कश्यप को एक ज्ञापन सौंपने गए थे, ताकि भालू को पकड़कर सुरक्षित स्थान पर भेजने की कार्रवाई जल्द शुरू की जाए। लेकिन नगर पालिका अध्यक्ष का आरोप है कि वनमण्डलाधिकारी अमित कश्यप ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और प्रतिनिधियों को कार्यालय से बाहर निकालने की बात कह दी।
इस घटना के बाद जनप्रतिनिधियों ने मनीष कश्यप के व्यवहार की कड़ी निंदा करते हुए इसे लोकतंत्र का अपमान बताया। प्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन से मामले में संज्ञान लेने और संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की हैं और विधायक प्रतिनिधि सरजू यादव ने छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल से तत्काल बात करते हुए वनमण्डलाधिकारी मनीष कश्यप को तत्काल हटाने की मांग की हैं।

NTPC प्लांट में बड़ा हादसा, प्री एयर हीटर प्लेटफॉर्म गिरने से तीन मजदूरों की मौत, 15 घायल…

हिंद स्वराष्ट्र बिलासपुर : जिले के सीपत स्थित एनटीपीसी प्लांट में बुधवार दोपहर एक गंभीर हादसा हो गया। बॉयलर यूनिट नंबर 5 में मेंटेनेंस के दौरान प्री एयर हीटर प्लेटफॉर्म का भारी लोहे का हिस्सा अचानक टूटकर गिर गया। हादसे में अब तक तीन मजदूरों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 10 से 15 मजदूर घायल हुए हैं। मृतकों की संख्या को लेकर स्थिति अभी भी स्पष्ट नहीं है।
मिली जानकारी के अनुसार दोपहर करीब 12 बजे यूनिट नंबर 5 में शटडाउन के दौरान मेंटेनेंस का काम चल रहा था। इस दौरान भारी-भरकम प्री एयर हीटर प्लेटफॉर्म को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाया जा रहा था। तभी तकनीकी गड़बड़ी के चलते चैन टूट गई और लोहे का विशालकाय हिस्सा नीचे गिर पड़ा। उस समय यूनिट के अंदर लगभग 15 मजदूर काम कर रहे थे, जो इसकी चपेट में आ गए। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार इस हादसे में पांच मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए जिनमें से तीन की इलाज के दौरान मौत हो गई। घायल मजदूरों को अस्पताल पहुंचाया गया है। अधिकांश मजदूर पोड़ी गांव के रहने वाले बताए जा रहे हैं। एनटीपीसी प्रबंधन ने अब तक केवल एक मौत की आधिकारिक पुष्टि की है।
घटना की सूचना मिलते ही सीपत थाना पुलिस मौके पर पहुंची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया। सीपत टीआई गोपाल सतपथी ने बताया कि रेस्क्यू ऑपरेशन अभी जारी है और मृतकों की संख्या की पुष्टि रेस्क्यू पूरा होने के बाद ही की जा सकेगी। हादसे की खबर मिलते ही मृतकों और घायलों के परिजन मौके पर पहुंच गए और भारी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और आक्रोश में आकर सीपत-बलौदा मार्ग को जाम कर दिया। परिजन मृतकों की संख्या और दुर्घटना के कारणों को लेकर प्रबंधन से जवाब मांग रहे हैं। स्थानीय लोगों और मजदूर संगठनों ने इस गंभीर लापरवाही की जांच की मांग की है। हादसे के बाद से पूरे इलाके में तनाव का माहौल है और एनटीपीसी प्रबंधन पर सवाल उठ रहे हैं।

2 जगहों पर जुआ खेल रहे 9 जुआड़ियों को चौकी बसदेई पुलिस ने किया गिरफ्तार, नगदी रकम किया जप्त…

हिंद स्वराष्ट्र सूरजपुर : डीआईजी व एसएसपी सूरजपुर प्रशांत कुमार ठाकुर के निर्देश पर जिले की पुलिस अवैध कार्यो के विरूद्ध बड़ी तत्परतापूर्वक लगातार कार्यवाही करने में लगी हुई है। इसी बीच दिनांक 05.08.2025 को चौकी बसदेई पुलिस को मुखबीर से सूचना मिला कि ग्राम सिरसी में कुछ जुआड़ी हार-जीत का दाव लगाकर जुआ खेल रहे है। सूचना पर चौकी बसदेई पुलिस मौके पर पहुंची जहां घेराबंदी कर मोहम्मद जफर उम्र 34 वर्ष, जनेश्वर गुप्ता उम्र 57 वर्ष, उमाशंकर पाल उम्र 20 वर्ष, गौरीशंकर सारथी उम्र 21 वर्ष, दादी राम राजवाड़े उम्र 31 वर्ष एवं संजय कुमार सुरेंद्र उम्र 27 वर्ष सभी निवासी ग्राम सिरसी जुआ खेलते रंगे हाथों धर दबोचा, जुआड़ियों के पास व जुआ फड़ से 2800 रूपये जप्त किया गया।
वहीं दूसरे मामले में ग्राम सिरसी में ही घेराबंदी कर जुआ खेल रहे राजेश कुमार उम्र 24 वर्ष, रामेश्वर प्रसाद उम्र 23 वर्ष, सच्चिदानंद राजवाड़े उम्र 23 वर्ष सभी निवासी सिरसी को जुआ खेलते रंगे हाथों धर दबोचा, जुआड़ियों के पास व जुआ फड़ से 420 रूपये जप्त किया गया। दोनों ही मामलों में छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम 2022 की धारा 3(2) के तहत कार्यवाही कर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस कार्यवाही में चौकी प्रभारी बसदेई योगेंद्र जायसवाल, प्रधान आरक्षक महेंद्र सिंह, शिवकुमार सारथी, आरक्षक देवदत्त दुबे, निलेश जायसवाल, दिलीप, रामकुमार, अशोक केवट, राकेश व आदित्य सक्रिय रहे।

आरटीई के पैसे हड़पने नोडल प्राचार्य की आईडी और पासवर्ड हैक कर सत्यापन, चार स्कूलों का कारण बताओ नोटिस जारी…

हिंद स्वराष्ट्र सूरजपुर : सूरजपुर जिले से एक बड़ी खबर निकलकर सामने आई है जहां निजी स्कूल संचालकों ने आरटीई की प्रतिपूर्ति राशि हड़पने के लिए नोडल प्राचार्य की आईडी और पासवर्ड को ही हैक कर लिया हैं, इस आईडी और पासवर्ड के जरिए उन्होंने खुद ही दावा सत्यापन कर दिया। इस खुलासे के बाद जिला शिक्षा अधिकारी ने चार स्कूलों के प्राचार्यों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। मिली जानकारी के अनुसार नोडल प्राचार्य की जानकारी के बिना 31 जुलाई को दावा सत्यापन का काम इन विद्यालय द्वारा किया गया हैं। विभाग ने इसे गंभीर अनुशासनहीनता और धोखाधड़ी माना है। जिन स्कूलों को नोटिस भेजा है, उनमें इंडियन पब्लिक स्कूल हिंदी व अंग्रेजी माध्यम मानी, गुरुकुल पब्लिक स्कूल हिंदी व अंग्रेजी माध्यम कुरुवां, ओमकार पब्लिक अंग्रेजी माध्यम स्कूल कोरेया और ज्ञानगंगा पब्लिक अंग्रेजी माध्यम स्कूल कुरुवां शामिल हैं। शासन निर्धन विद्यार्थियों की पढ़ाई के लिए निजी स्कूलों को छात्रवृत्ति और अन्य अनुदान की प्रतिपूर्ति देता है। इसके लिए स्कूलों को ऑनलाइन आवेदन करना होता है। सत्यापन नोडल प्राचार्य के माध्यम से होता है। इस प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने किसी और की लॉगिन आईडी और पासवर्ड से छेड़छाड़ करना साइबर अपराध माना जाता है। डीईओ सूरजपुर ने नोटिस में लिखा है कि यदि संबंधित प्राचार्य कार्यालय में उपस्थित होकर जवाब नहीं देते तो उनकी प्रतिपूर्ति राशि की फाइलें उच्च कार्यालय को नहीं भेजी जाएंगी। इससे लाखों रुपए की सहायता राशि अटक सकती है।

उल्लेखनीय हैं कि यदि नोडल प्राचार्य के लॉगिन डिटेल्स का दुरुपयोग हुआ है तो यह केवल आर्थिक गड़बड़ी नहीं, बल्कि साइबर अपराध भी है। ऐसे मामलों में एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।

खस्ताहाल सड़कों के विरोध में यूथ इंटक का प्रदर्शन और चक्काजाम कल…

हिंद स्वराष्ट्र अम्बिकापुर : अम्बिकापुर शहर एवं शहर को बाहरी क्षेत्रों से जोड़ने वाले निगम, पीडब्ल्यूडी एवं राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग के द्वारा संचालित मार्गो की जर्जर स्थिति और संबंधित विभागों की उदासीनता से नागरिकों को हो रही परेशानी के विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर यूथ इंटक के द्वारा दिनांक 5 अगस्त 2025 को सुबह 11:30 बजे भारत माता चौक (खरसिया नाका) पर प्रदर्शन और चक्काजाम किया जाएगा। इस दौरान यूथ इंटक के पदाधिकारी द्वारा आम जनता को गड्ढों से भरी सड़कों में ड्राइविंग का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।

पूर्व विधायक गुलाब कमरों ने साधा निशाना – कहा, “हाफ बिजली बिल योजना से छेड़छाड़ कर भाजपा ने जनता को ठगा”…

हिंद स्वराष्ट्र कोरिया राजन पाण्डेय : छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार द्वारा हाफ बिजली बिल योजना में किए गए संशोधन को लेकर पूर्व विधायक गुलाब कमरों ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सरकार के इस फैसले को गरीबों के हितों के खिलाफ बताते हुए इसे “जन विरोधी और धोखा देने वाला कदम” कहा।
गुलाब कमरों ने कहा कि, कांग्रेस सरकार के समय लागू की गई 400 यूनिट तक हाफ बिजली बिल योजना गरीबों और मध्यम वर्ग के लिए राहत का माध्यम बनी थी, लेकिन भाजपा सरकार ने इसे 100 यूनिट तक सीमित कर गरीबों झटका  दिया है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार लगातार जनहितैषी योजनाओं को या तो बंद कर रही है या उनका स्वरूप इस कदर बदल रही है कि वे सिर्फ कागजों तक सीमित रह जाएं।
कमरों ने कहा कि अब जिन उपभोक्ताओं की खपत 100 यूनिट से थोड़ी भी ज्यादा हो जाती है, उन्हें पूरी बिजली की दरों पर भुगतान करना होगा, जिससे हर महीने हजारों उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा।
सरकार वादा खिलाफी कर रही है। चुनाव से पहले बिजली बिल हाफ रखने की बात की और अब उसे इस तरह संशोधित कर रही है कि असल में कोई लाभ ही नहीं मिल पाए। यह सीधा-सीधा जनता के साथ धोखा है,” उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा।
उन्होंने मांग की कि सरकार तत्काल संशोधन को रद्द कर पुरानी 400 यूनिट तक की हाफ बिल योजना को बहाल करे, अन्यथा यह जनाक्रोश को न्यौता देने वाला फैसला साबित होगा।

क्या है संशोधन
ऊर्जा विभाग की ओर से जारी नए दिशा-निर्देशों के मुताबिक अब हाफ बिजली बिल योजना का लाभ केवल 100 यूनिट तक की खपत पर ही मिलेगा। यदि उपभोक्ता की खपत 100 यूनिट से अधिक होती है, तो उस माह उसे योजना का लाभ नहीं मिलेगा। साथ ही, 6 माह से अधिक बकाया बिल होने पर भी उपभोक्ता योजना से बाहर हो जाएगा।
वहीं एकल बत्ती योजना के पात्र उपभोक्ताओं को 30 यूनिट तक मुफ्त बिजली और 30 से 100 यूनिट तक 50% की छूट पहले की तरह जारी रहेगी।

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