हिंद स्वराष्ट्र अम्बिकापुर : सरगुजा जिले के अम्बिकापुर स्थित संजय वन वाटिका में आवारा कुत्तों के हमले में 15 हिरणों की मौत हो गई। आवारा कुत्तों के हमले में इतनी बड़ी तादात पर हिरणों के मौत का मामला सामने आने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया हैं। वहीं इस मामले में वन विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए वन वाटिका के प्रभारी सहित तीन सहायकों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
जारी आदेश के अनुसार उपवन क्षेत्रपाल (एससीएफओ) एवं प्रभारी अशोक सिन्हा, सहायक वनपाल ममता परते, प्रतिमा लकड़ा और बिंदु सिंह को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के तहत निलंबित किया गया है। अधिकारियों पर वन्य प्राणियों के संरक्षण में घोर उदासीनता के कारण यह कार्यवाही की गई हैं। उल्लेखनीय हैं कि इस घटना में कुल 15 हिरणों की मौत हुई, जिनमें कोटरा, चीतल और चौसिंघा प्रजाति शामिल हैं। मृतकों में नर और मादा दोनों शामिल हैं। घटना के बाद एक और हिरण की मौत होने की भी पुष्टि हुई है। मिली जानकारी के अनुसार 4-5 आवारा कुत्ते बाड़े में घुस आए थे और उन्होंने हिरणों पर हमला कर दिया था इस हमले में बड़ी संख्या में वन्यजीवों की मौत हो गई।


घटना की जानकारी पर डीएफओ अभिषेक जोगावत मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने इस पूरे मामले की जांच के लिए एसडीओ के नेतृत्व में टीम गठित की है, जिसे दो दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। इस घटना ने वन्यजीव संरक्षण और सुरक्षा व्यवस्था की गंभीर खामियों को उजागर कर दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि समय रहते प्रभावी सुरक्षा उपाय और निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित की जाती, तो इस तरह की घटना को रोका जा सकता था।



