हिंद स्वराष्ट्र अंबिकापुर : सरगुजा संभाग के अंतर्गत जिला सूरजपुर के बिहारपुर में पदस्थ नायब तहसीलदार एवं प्रभारी तहसीलदार करमचंद जाटवर को प्रशासनिक शिथिलता, कर्तव्यों के प्रति उदासीनता और गंभीर कदाचार के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है. इस संबंध में कार्यालय संभागयुक्त, सरगुजा संभाग, अंबिकापुर द्वारा 02 नवंबर 2026 को आधिकारिक आदेश जारी किया गया है.
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के अनुसार, दिनांक 17.10.2026 को ग्राम कुबेरपुर में एक ट्रैक्टर दुर्घटना के बाद उत्पन्न हुई कानून एवं शांति व्यवस्था की स्थिति को नियंत्रित करने में प्रशासनिक स्तर पर भारी शिथिलता बरती गई थी. कलेक्टर, जिला-सूरजपुर के प्रतिवेदन के माध्यम से यह अवगत कराया गया था कि घटना के दौरान नायब तहसीलदार करमचंद जाटवर द्वारा सिविल सेवक के कर्तव्यों के प्रति उदासीनता और लापरवाही बरती गई, जो शासकीय सेवा की गरिमा और आचरण के विपरीत है.
नियमों के तहत कार्रवाई
आयुक्त, सरगुजा संभाग द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि करमचंद जाटवर का यह कृत्य ‘छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965’ के सर्वथा विपरीत है और गंभीर कदाचार की श्रेणी में आता है. इसके चलते उन्हें ‘छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966’ के नियम 9(1)(क) के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है.
निलंबन अवधि में मुख्यालय
निलंबन की अवधि के दौरान श्री करमचंद जाटवर का मुख्यालय कार्यालय संभागीय पटवारी प्रशिक्षण शाला, अंबिकापुर (जिला सरगुजा) निर्धारित किया गया है. निलंबन काल के दौरान उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी. यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है.



